जो रस रसिक
Jo Ras Rasik
जो रस रसिक कीर मुनि गायो ॥ सो रस रटत रहत निशिवासर शेष सहस्रमुख पार न पायो ॥१॥ गावत शिव शारद मुनि नारद कमलकोश वासी न चखा...
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Read 5 Pushtimargiya kirtans for Nitya Mahatmay Ke Pad / नित्य माहात्म्य के पद with original Braj Bhasha text and English meanings.
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Jo Ras Rasik
जो रस रसिक कीर मुनि गायो ॥ सो रस रटत रहत निशिवासर शेष सहस्रमुख पार न पायो ॥१॥ गावत शिव शारद मुनि नारद कमलकोश वासी न चखा...
Jake Man Base
जाके मन बसे स्यामघन माधो ॥ सो सुंदर सोधनीदक्ष सोई सोई कुलीन सोई साधो ॥१॥ सो पंडित सोगुणपुंज सोई जो गोपाल कहिगावे ॥ कोटि...
Kamal Nayan Kamalapati
कमल नयन कमलापति त्रिभुवन के नाथ ॥ एक प्रेमतें सबबने जो मन होवे हाथ ॥१॥ सकल लोककी संपदा ले आगें धरिये ॥ भक्तिविना माने न...
Japar Kamalakant Dhare
जापर कमलकांत ढरै ॥ लकरी घासको बेचनहारो तासिर छत्र-धरै ॥१॥ विद्यानाथ अविद्या समरथ जो कछु चाहे सोई करै ॥ रीतेभरे भरेपुन ढ...
Das Ananya Mero
दास अनन्य मेरो निजरूप ॥ दर्शनमात्र ताप त्रय नासत छुडावै गृहबंधन कूप ॥१॥ मेरीबांधी भक्तछुडावें भक्तकी बांधी छुटे न मोही...