Tum Javo Javo
तुम जावौ जावौ
तुम जावौ जावौ बीरी कौन पै मैया। कब के करि अँचवन मांगत हैं हलधर कुँवर कन्हैया ॥ इतनी बोल सुनत उठि धायौ श्रीदामा भरि झोरी...
Raag
Read 208 Pushtimargiya kirtans in Sarang · सारंग with original Braj Bhasha text and English meanings.
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तुम जावौ जावौ
तुम जावौ जावौ बीरी कौन पै मैया। कब के करि अँचवन मांगत हैं हलधर कुँवर कन्हैया ॥ इतनी बोल सुनत उठि धायौ श्रीदामा भरि झोरी...
आरती गोपिकारमण गिरिधरनकी
आरती गोपिकारमण गिरिधरनकी निरख व्रजयुवति आनंदभीनी ॥ मणि खचित थार घनसार वाती बरें ललित ललितादि सखी हाथलीनी ॥१॥ बिहरत श्री...
आरती वारत राधिका
आरती वारत राधिका नागरी ॥ तन कनकथार भूषणरत्नदीपक कियें कमलमुक्तावली मंगल उजागरी ॥१॥ रुणित कटिमेखला सुभग घंटावली झालर शंख...
आरती करत यसोदा
आरती करत यसोदा प्रमुदित फूली अंग न समात ॥ बलबल कहि दुलरावत आनंदमग्न भई पुलकात ॥१॥ कनक थार रत्नदीपावली चित्रत घृत भीनी ब...
रानीजू करत सिंगार
रानीजू करत सिंगार आरती ॥ नखसिख अंग अंग छबि अनुपम निरख नैन पलक नहीं पारती ॥१॥ कनक कुसुम अरु मनिगन मुक्ता ले वार कुंवरपर...
दृढ इन चरणन
दृढ इन चरणन केरो भरोसो ॥ श्रीवल्लभनख चंद्रछटाबिन सब जग मांझ अंधेरो ॥१॥ साधन और नहीं या कलिमें जासों होय निवेरो ॥ सूर कह...
सब ग्वाल नाचें गोपी गावै
सब ग्वाल नाचें गोपी गावै । प्रेम मगन कछु कहत न आवै ॥१॥ हमारे राय घर ढोटा जायौ । सुनि सब लोक बधाये आयौ ॥२॥ दूध दही घृत क...
मोहन मदन गोपाल की आरती
मोहन मदन गोपाल की आरती । आरती और न जाऊं लाल हों तुम पर सर्वस्व वारती ॥१॥ घंटा ताल मृदंग झालरी, बेनु रवाव बजावति ॥ कृष्ण...