Pushti Kirtan

Raag

Kanharo · कान्हरो

Read 73 Pushtimargiya kirtans in Kanharo · कान्हरो with original Braj Bhasha text and English meanings.

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Vijay Dashahara Parab

विजय दशहरा परव

विजय दशहरा परव बडो हे आज ॥ ब्रजबनिता सब मंगल गावत बाजन रह्यो ब्रज गाज ॥१॥ भरि बहुत अंगना तीबारी महेल अटारी छाज ॥ बडे पर...

Aaj Kuhuki Ratra

आज कुहूकी रात्र

आज कुहूंकी रात्र माधो दीपमालिका मंगलचार ॥ खेलोजूथ सहित संकर्षण मोहन मूरति नंदकुमार ॥१॥ कहत यशोदा सुनों मन मोहन चंदन लेप...

Aaj Amavas Deepmalika

आज अमावस दीपमालिका

आज अमावस दीपमालिका बड़ी पर्वणी हे गोपाल ॥ घर-घर गोपी मंगलगावें सुरभी वृषभ सिंगारो लाल ॥१॥ कहत यशोदा सुनो मनमोहन अपने ता...

Shrigovarddhan Deepmalika Sab

श्रीगोवर्द्धन दीपमालिका सब

श्रीगोवर्द्धन दीपमालिका सब देखनकों आये ॥ अरसपरस व्यंजन करके सब व्रजवासी पूजनकों धाये ॥१॥ तब नंद उपनंद बुलाये व्रजवासी स...

Deepmalika Karan Aai

दीपमालिका करन आई

दीपमालिका करन आई व्रजबधु मनहरनि ॥ कंचन थाल लसत कमलनकर नंदमहेर घर घरनि ॥१॥ गजमोतिनके चोक पुराये गावत मंगल गीत जुवती गन ॥...

Aajdipat Divya Deepmalika

आजदिपत दिव्य दीपमालिका

आजदिपत दिव्य दीपमालिका ॥ मानो कोटि रवि कोटि चंद छबि विमल भई निशि कालिका ॥१॥ गजमोतिनके चौक पुराये बिचबिच वज्र प्रवालिका...

Dekho In Deepanki

देखो इन दीपनकी

देखो इन दीपनकी सुंदराई ॥ जानो घनमें विधु मंडल राजत तमनिश परम सुहाई ॥१॥ नंदराय अगणित पांती रचि अद्भुत युक्ति बनाई ॥ विवि...

Deep Daan De Hatri Bethe

दीपदान दे हटरी बैठे

दीपदान दे हटरी बैठे बड़ो पर्वहे आज दिवारी ॥ चहुं ओर पांत बनी दीपनकी रानीजु अपने हाथ संवारी ॥१ ॥ दिव्य कपूर सुगंध आदि रच...

Deepdan Vrajraj Det

दीपदान व्रजराज देत

दीपदान व्रजराज देत दोऊ ढोटनकों गोद बैठारी ॥ दीपदानकी होत आरती मंगल गावत सब व्रजनारी ॥१॥ दीपदान शोभित भवनन पर धरत-फिरत ख...

Deepdande Hatari Baithe

दीपदानदे हटरी बैठे

दीपदानदे हटरी बैठे नवललाल गोवर्द्धनधारी ॥ दोहरी पांत बनी दीपनकी व्रजशोभा लागत अति भारी ॥१॥ तैसेही बने नंदके नंदन तैसी ब...

Hatari Baithe Shrigopal

हटरी बैठे श्रीगोपाल

हटरी बैठे श्रीगोपाल ॥ रत्न जटितकी हटरी बनाई हीरामोती परम रसाल ॥१॥ डलाडलैया और कुल्हैया भरभर धरे पकवान रसाल ॥ पान फूल सो...

Hatari Baithe Sobhit

हटरी बैठे सोभित

हटरी बैठे सोभित लाल ॥ श्रीब्रखभान नंदिनी संग ले राजत सब ठाडी ब्रजबाल ॥१॥ मधुमेवा पकवान मिठाई जसुमति साजि धरी तिहिं काल...

Deepdande Kan Jagaye

दीपदानदे कान जगाये

दीपदानदे कान जगाये सुंदर हटरी सुभग संवारी ॥ चित्र विचित्र बहुत रंग चीती गादी तकिया धरे सुधारी ॥१॥ चहुं ओर पांति बनी दीप...

Roop Ujyaro Deep

रूप उज्यारो दीप

रूप उज्यारो दीप जगमगे खेलतहें पिय प्यारी ॥ दाव पर्यो सुंदरि राधाको रुठयो कुंजबिहारी ॥१॥ केलि करत हँसत चहुंदिशतें रंग बढ...

Pasa Khelatahen Piy

पासा खेलतहें पिय

पासा खेलतहें पिय प्यारी ॥ रतन खचित चोकीपर डारत हंसत करत किलकारी ॥१॥ पहेले दाव पर्यो स्यामाको पीत पिछोरी हारी ॥ अबकी बेर...

Piya Pitambar Murali

पीया पीतांबर मुरली

पीया पीतांबर मुरली जीती ॥ हाहाकरत न देत लडेंती पांय परत निसबीती ॥१॥ राखी दुराय सघन कुंजनमें ललितादिक रहत सचीती ॥ विठ्ठल...

Murali Jiti Radha

मुरली जीती राधा

मुरली जीती राधा रानी ॥ दाव पर्यो वृषभानु सुताको मोहन रूंगट ठानी ॥१॥ लीयो जीत पीतांबर पीयको खेलत हंसत सयानी ॥ विठ्ठल विप...

Adbhut Ek Anupam

अद्भुत एक अनूपम

अद्भुत एक अनूपम नार ॥ नेन बेन चोवीस चोगुने सोरह चरन वरन हें चार ॥१॥ चतुराननसों प्रीत तीनपति ताके इक्कीस दूने नेन ॥ श्या...

Sakhiyan Rachirachi Sej

सखियन रचिरचि सेज

सखियन रचिरचि सेज बनाई ॥ मणिमय जटितपर्यक कनकके मुक्तनकी अधिकाई ॥१॥ पोढे श्रीसहित सुंदरवर झलमलदीप झरोखन झांई ॥ मानदास बलज...

Kanh Kumar Ke

कान्ह कुंवर के

कान्ह कुंवर के कर पल्लव पर मानों गोवर्धन नृत्यकरे ॥ ज्यों ज्यों तान उठत मुरली में त्यों त्यों लालन अधर धरे ॥१॥ मेघ मृदं...

Aaj Prabodhini Param

आज प्रबोधिनी परम

आज प्रबोधिनी परम मोद कर चल प्यारी पियपे ले जाउं ॥ बहुत ईख रस कुंज पुंज रच चहूं ओर दीपकन सुहाउं ॥१॥ चित्रविचित्र भूमि अत...

Aajprabodhini Shubhdin

आजप्रबोधिनी शुभदिन

आजप्रबोधिनी शुभदिन नीको अमलपक्ष एकादशी आई ॥ बहुत ईख कुंजन रचिकें सखी चहूं ओर दीपकन सुहाई ॥१॥ घरघर गोपी चौक पूरत सब बंदन...

Dev Jagavat Yashoda

देव जगावत यशोदा

देव जगावत यशोदा रानी बहु उपहार पूजाके करकें ॥ इक्षु दंड मंडप पोहोपनके चौक चहूं दिश दीवाधरकें ॥१॥ ताल पखावज भेरि शंख ध्व...

Dhan Dhan Mata Tulsi Badi

धन धन माता तुलसी बडी

धन धन माता तुलसी बडी ॥ नारायण के चरनन चढी ॥१॥ जोकोई तुलसीकी सेवा करहें ॥ कोटिक पाप छिनमें परिहरहें ॥ जो कोई तुलसीके फेर...

Sohe Shish Suhavano

सोहे शीश सुहावनो

सोहे शीश सुहावनो दिन दुल्हेतेरे ॥ मणि मोतिनको सेहरो सोहे बसियो मन मेरे ॥१॥ मुख पून्योको चंदहे मुक्ताहल तारे ॥ उनके नयन...

Dulah Ho Bani

दुलह हो बनि

दुलह हो बनि आयो सुंदर दुलहनिजूसों नेह लगायो ॥ रत्न जटितको शीश सेहरो गजमोतिनसों गूंथ बनायो ॥१॥ वागो लाल सुनहरी छापो लालइ...